Saturday, 19 August 2023

हे भवानी तू चाहे ना बिगड़ी बना

हे भवानी तू चाहे ना बिगड़ी बना, हम तो दर तेरे आते रहेंगे
माँ मंदिर की देहलीज पर बैठ कर, प्यार से गाते रहेंगे

तू भी रखना यकीन हमने कहना नहीं, आसमा से ना और ना ज़मीन से
करदे वादा अटल है इशाराअटल, खैर लेनी तो लेनी यही से
तू हमे देख कर चाहे मुँह मोड़ ले, हम तो फिर भी बुलाते रहेंगे
हे भवानी तू चाहे ना बिगड़ी बना, हम तो दर तेरा आते रहेंगे

हम भले या बुरे तेरे कदमो तले, लेके आये है इस ज़िंदगी को,
चाहे मसलो हमे चाहे कुचलो हमें, शायद मर ही जाये ख़ुशी से
इस निगाहो में माँ तेरी सूरत बसी, मैया तुमको रिझाते रहेंगे
हे भवानी तू चाहे ना बिगड़ी बना, हम तो दर तेरे आते रहेंगे

हाय थके हैं माँ फिर भी पक्के है माँ, कर दिया खुद को तेरे हवाले
कैसा दुनिया का दर अब है कैसा फ़िक्र, पास रखले या दिल में छुपा ले
कहता निर्दोष तेरा है तुझसे ये माँ, तेरा दीदार पाते रहेंगे
हे भवानी तू चाहे ना बिगड़ी बना, हम तो दर तेरे आते रहेंगे

संकलनकर्ता : अभिषेक मैत्रेय "शुभ"



Twitter: @abhimaitrey

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